पेनिस पंप Penis Pump जानकारी और इस्तेमाल का तरीका

पेनिस पंप के इरेक्टाइल डिसफंक्शन या स्तम्भन दोष में इस्तेमाल क्या हैं और यह अच्छा विकल्प क्यों कहा जा सकता है? पेनिस पंप को कैसे इस्तेमाल करते हैं? पेनिस पंप के इस्तेमाल में सावधानियां कौन कौन सी बाराती जानी चाहिए?

पेनिस पंप, जैसा नाम से ही पता चलता है कि एक पंप है जो पेनिस के लिए है। पेनिस पंप को वैक्यूम पंप या वैक्यूम इरेक्शन डिवाइस भी कहते हैं।

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पेनिस पंप, पेनिस में तनाव नहीं आने या उसे बरकरार न रख पाने की स्थिति में एक ट्रीटमेंट आप्शन की तरह प्रयोग किया जाता है। पेनिस पंप में एक प्लास्टिक की ट्यूब होती हैं जो पेनिस के ऊपर लगाई जाती है। वैक्यूम करने के लिए मैन्युअल पंप होता है या एक बैटरी से चलने वाला पंप होता है जोकि प्लास्टिक की ट्यूब से जुड़ा होता है तथा एक बैंड constriction ring होता है जिसे पेनिस के बेस में लगाया जाता है जिससे इरेक्शन बना रहे। बैंड, अक्सर तीन साइज़ का होता है।

इरेक्शन न होना, इरेक्टाइल डिसफंक्शन या स्तम्भन दोष यह स्थति है जब पेनिस में इरेक्शन नहीं आता और बिना इरेक्शन के सेक्स नहीं किया जा सकता। इरेक्टाइल डिसफंक्शन होने के कई कारण हो सकते हैं। इसके इलाज़ के लिए बहुत सी दवाएं जैसे कि सिल्डेनाफिल (वियाग्रा), वर्डेनफिल (लेविट्रा, स्टाक्सिन), टाताडालफिल (सीयलिस, एडिसीका) और अवानाफिल (स्टेंद्र) आदि बनाई गई हैं। इन्हें सेक्स करने से पहले लेने से इरेक्शन पाने में मदद होती है।

दवा के अतिरिक्त, पेनिस के अंदर डाली जाने वाली दवाएं, इंजेक्शन और इम्प्लान्ट्स के द्वारा भी इरेक्टाइल डिसफंक्शन का इलाज़ किया जाता है। एलोपैथ की अन्य दवाओं की ही तरह इन सभी दवाओं का कोई न कोई साइड इफ़ेक्ट है।

पेनिस पंप, एक अच्छा विकल्प हो सकता है, जो इन दवाओं को नहीं खाना चाहते और जिन्हें दवाओं से साइड इफेक्ट्स ज्यादा होते हैं।

पेनिस पंप के इस्तेमाल क्या हैं और यह अच्छा विकल्प क्यों कहा जा सकता है?

पेनिस पंप को इरेक्शन पाने और बनाए रखने के लिए इस्तेमाल करते हैं। इसे इरेक्टाइल डिसफंक्शन के इलाज़ में इरेक्शन पाने के लिए इस्तेमाल करते हैं। इससे ईडी की समस्या क्योर नहीं होती लेकिन सेक्स करने लायक इरेक्शन हो जाता है।

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पेनिस पंप, कई कारणों से एक अच्छा विकल्प हैं:

  1. यह प्रभावी है। अभ्यास और सही उपयोग के साथ, अधिकांश पुरुष सेक्स के लिए पर्याप्त इरेक्शन प्राप्त कर सकते हैं।
  2. इसके रिस्क कम हैं। साइड इफेक्ट्स या जटिलताओं का जोखिम किसी भी अन्य स्तंभन दोष उपचार की तुलना में कम है।
  3. यह सस्ता है। शुरुआती खरीद के बाद आपको बहुत कम खर्चा करना होता है।
  4. इसके प्रयोग के लिए सर्जरी की आवश्यकता नहीं है।
  5. इस वैक्यूम थेरेपी से पेनिस में खून का दौरा ठीक किया जा सकता है।

पेनिस पंप के रिस्क क्या हैं?

  1. पेनिस पंप अधिकांश पुरुषों के लिए सुरक्षित हैं, लेकिन कुछ संभावित जोखिम हैं। उदाहरण के लिए:
  2. यदि आप खून-पतला दवाएं (वार्फरिन, क्लोपिडोग्रेल)लेते हैं तो रक्तस्राव का खतरा अधिक हो सकता है।
  3. सिकल सेल एनीमिया या किसी अन्य रक्त विकार है में पेनिस पंप सुरक्षित नहीं है। इन स्थितियों में ब्लीडिंग हो सकती है।

पेनिस पंप के दुष्प्रभाव क्या हो सकते हैं?

  1. बिंदु के आकार वाले लाल डॉट्स (पेटीचिया) Pinpoint-sized red dots (petechiae) जो लिंग की त्वचा की सतह के ब्लीडिंग से होते हैं।
  2. सुन्नता, स्किन नीली होना: ऐसा बंद के कारण खून रुकने से होता है।
  3. दर्द या चोट: पेनिस पंप का उपयोग कैसे करना सही ढंग न करने से चोट लग सकती है।
  4. वीर्य का पूरा न निकलना: स्खलन में दर्द और वीर्य पूरा न निकल पाना, इसके प्रयोग से हो सकता है।
  5. प्राकृतिक या सहज इरेक्शन जैसा नहीं होना: इससे इरेक्शन नेचुरल जैसा नहीं होता। पंप के इस्तेमाल से होने वाले इरेक्शन में पेनिस के बेस में उतना कड़ापन नहीं होता।
  6. मैन्युअल समन्वय आवश्यक है: पेनिस पंप को ऑपरेट करना पड़ता है जो सेक्स के दौरान एक समस्या हो सकता है।

इन सबके अलावा, सेक्स करने के लिए आपको और आपके पार्टनर को धैर्य की ज़रूरत होती है। शुरू में यह दोनों के लिए असहज हो सकता है और एडजस्टमेंट में टाइम लग सकता है। पुरुष में इससे सेक्सुअल परफॉरमेंस को लेकर भी एंग्जायटी हो सकती है।

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पेनिस पम्प का चुनाव

ऑनलाइन, मैगज़ीन, या मार्केट में ऐसे विज्ञापन देखे जाते हैं जिनका दावा है कि पेनिस पंप, का प्रयोग Penis Enlargement Vacuum Pump पेनिस को बड़ा कर देगा। लेकिन पेनिस पंप के इस्तेमाल से पेनिस का साइज़ बढ़ सकता है इसका कोई प्रमाण नहीं है। यह आपको इरेक्शन पाने में मदद करता है न की पेनिस के आकार को बड़ा करने में।

बहुत से पेनिस पंप बिना डॉक्टर की सलाह के ख़रीदे जा सकते हैं। लेकिन अच्छा होगा यदि डॉक्टर से पूछ कर सही डिवाइस का चयन किया जाए। ऐसा पंप चुना जाना च्चिये जो आपकी ज़रूरत के अनुरूप हो। पम्प में वैक्यूम लिमिटर करने होना चाहिए जिससे प्रेशर को कंट्रोल किया जा सके और पेनिस को कोई चोट न लगे।

पेनिस पम्प के पहले इस्तेमाल से पहले प्यूबिक हेयर को साफ़ कर लेना चाहिए।

पेनिस पंप को कैसे इस्तेमाल करते हैं?

How to use Penis Pump or Penis Vacuum Device?

पेनिस पंप में प्लास्टिक ट्यूब होती हैं, इलेक्ट्रिक पम्प होता है और एक रिंग होती है। इससे प्रयोग करना आसान है। इसके लिए निम्न स्टेप्स हो सकते हैं:

  1. प्यूबिक हेयर साफ़ कर लें।
  2. पेनिस पम्प के इस्तेमाल से पहले पेशाब कर लें। हो सके तो खून का दूर ठीक से करने के लिए गर्म पानी से नहा लें।
  3. पम्प और पेनिस के बेस पर जेल लगा लें।
  4. अच्छा होगा इसका प्रयोग खड़े होकर करें।
  5. पेनिस /शिश्न पर प्लास्टिक की सिलेंड्रिकल ट्यूब रखें।

ट्यूब के अंदर वैक्यूम बनाने के लिए और पेनिस में खून खींचने के लिए, आराम से पंप करें और 2-3 पंप के बाद 10 सेकंड वेट करें और ऐसा पूरा इरेक्शन न आने तक करें (यदि मैन्युअल पंप है) अथवा ट्यूब से जुड़ा हाथ पंप या इलेक्ट्रिक पंप ऑन करें।

इरेक्शन आने के बाद, कंसट्रिक्शन रिंग को पेनिस के बेस पर लगायें जिससे पेनिस के अंदर ही खून रहे और यह कड़ा रहे जबतक सेक्स न हो जाए।

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वैक्यूम डिवाइस हटा दें। यह इरेक्शन आमतौर पर यौन संबंध रखने के लिए काफी लंबा रहता है। कंसट्रिक्शन रिंग 30 मिनट से ज्यादा न लगाए रखें। अधिक समय के लिए खून का दौरा रोक देने से पेनिस में डैमेज हो सकता है।

पेनिस पम्प का इस्तेमाल जब शुरू कर करें हों तो सप्ताह में तीन बार तक प्रयोग करें जिससे आपको इसकी आदत हो सके और जल्द इरेक्शन पाने और डिवाइस का इस्तेमाल सेक्स के दौरान जल्दी से कर सकें। यदि प्रयोग करते समय कोई डिसकम्फर्ट हो तो रुक जाएँ। शुरआती प्रयोग में बड़े साइज़ की रिंग का इतेमाल करें। जरुरत के अनुसार दूसरी रिंग्स ट्राई करें।

यदि इस्तेमाल करने से इरेक्शन नहीं आ रहा, तो बेस पर ज्यादा पेट्रोलियम जेली लगाएं जिससे प्रॉपर सील बन जाए और वैक्यूम बना रहे। अगर फिर भी दिक्कत है तो हो सकता है कि डिवाइस की ट्यूब में छेद हो और हवा लीक हो रही हो।

अगर बहुत जल्दी या तेजी से पंप किया जाए तो पेनिस में जलन, रेडनेस और चोट हो सकती है। इससे बचने के लिए धीरे से पम्प करें।

सेक्स के दौरान यदि दर्द हो रहा हैं तो ज्यादा ल्यूब का इस्तेमाल करें और सेक्स की दूसरी पोजीशन ट्राई करें।

इस्तेमाल करने के बाद सभी आइटम्स को धो दें। धोने की इंस्ट्रक्शन प्रोडक्ट के टाइप पर निर्भर कर सकती है। किसी कपड़े से न पोछें और इसे हवा से सूखने दें।

पेनिस पंप से इरेक्टाइल डिसफंक्शन ठीक नहीं होता लेकिन इसके प्रयोग से सेक्स न कर पाने की समस्या दूर हो सकती है। इसके साथ, ईडी की दवाएं भी खायी जा सकती हैं।

पेनिस पंप के इस्तेमाल में सावधानियां

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  1. टेंशन रिंग को आधे घंटे से ज्यादा न लगा रहने दें।
  2. टेंशन रिंग को लगा न रहे दें तथा इसे हटा कर ही सोयें।
  3. यदि रिंग लागने से दर्द हो, पेनिस का रंग बदला जाए या चोट लग जाए तो यूरोलोजिस्ट से मिलें।
  4. अगर खून पतला करने की दवा लेते हैं तो पंप धीरे से करें जिससे ब्लीडिंग के खतरे को कम किया जा सके।
  5. टेंशन रिंग लगाने से पेनिस का कुछ नीला सा लग सकता हैं। ऐसा खून का दौरा रुकने से होता है।
  6. इस डिवाइस के इस्तेमाल से इरेक्शन ऊपर की तरफ होता है, नीचे के हिस्से में उतनी कड़ाई नहीं होती।
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वैक्यूम पंप का इस्तेमाल नहीं करें यदि:

  1. ब्लीडिंग डिसऑर्डर है।
  2. एंटीकोअगुलेंट दवा लेते हैं।
  3. पेनिस पर पहले से चोट लगी है।
  4. सिकल सेल अनेमिया है।
  5. अल्कोहल पीते हैं।

Penis pump is also known as Vacuum Pump or Vacuum Constriction Device. A vacuum constriction device (VCD) or Penis Pump, is a device consisting of plastic tube, pump and a constriction ring.

The devices have three components:

Plastic cylinder, which the man puts around his penis.

Pump, which draws air out of the cylinder.

Elastic ring, which the man moves from the end of the cylinder to the base of the penis as he removes the cylinder.

The acrylic cylinder is attached directly to the end of the penis. The cylinder and pump are used to create a vacuum and help the penis become erect, then the constriction ring or band is placed on the base of the penis. It is better to have a penis pump with a vacuum limiter to control pressure and prevent any injury to the penis.

Erection achieved with a vacuum device may not feel like an erection achieved naturally. The penis may feel cold or numb and have a purple color. Bruising on the shaft of the penis may occur; however, the bruises are most often painless and disappear in a few days. Vacuum devices may weaken ejaculation because the elastic ring blocks some of the semen from traveling through the urethra

Penis pump is used as one of the treatment option for erectile dysfunction. It helps to get an erection sufficient for sexual intercourse. The pump is used externally and there are no oral supplements or invasive procedures. Penis pumps should be used carefully to avoid injury to the penis.

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